राजस्थान पत्रकार परिषद

युवा एवं जागरूक पत्रकारो का संगठन

राजस्थान पत्रकार परिषद
इंडियन जर्नलिस्ट यूनियन (IJU) से संबद्ध

पत्रकारों एवं उनके परिजनों को जयपुर के मनुश्री अस्पताल में मिलेंगी निःशुल्क ओपीडी सुविधाएं

जयपुर। राजस्थान पत्रकार परिषद के प्रयासों से राजधानी जयपुर के निर्माण नगर स्थित मनुश्री अस्पताल में ओपीडी सुविधाएं निःशुल्क मिलेंगी। यह घोषणा रविवार को अस्पताल के निदेशक डॉ. मनोज अग्रवाल ने नि:शुल्क डायबिटीज और रेटिनल जांच शिविर के अवसर पर की। इस शिविर में 50 से ज्यादा पत्रकारों और उनके परिजनों ने चिकित्सकीय सुविधाओं का लाभ उठाया।

अस्पताल के निदेशक डॉ. मनोज अग्रवाल ने बताया कि जो भी पत्रकार राजस्थान पत्रकार परिषद का सदस्यता आईडी कार्ड लेकर आएगा, उससे ओपीडी रजिस्ट्रेशन फीस नहीं ली जाएगी। इसके साथ ही उन्हें दवाइयों और जांच आदि में 10 से 12 प्रतिशत तक का डिस्काउंट भी दिया जाएगा। लेकिन, रोगी के साथ संबंधित पत्रकार को स्वयं आना होगा। इस सुविधा का लाभ केवल राजस्थान पत्रकार परिषद के सदस्य पत्रकार स्वयं और उनके ब्लड रिलेशन वाले यानि परिवार में माता-पिता, पत्नी, बच्चे आदि ही ले सकेंगे। 

राजस्थान पत्रकार परिषद के प्रदेशाध्यक्ष रोहित सोनी ने बताया कि प्रोफेशनल व्यस्तता के कारण अक्सर पत्रकार साथी अपने और परिवार के स्वास्थ्य पर उचित ध्यान नहीं दे पाते हैं। समय न मिल पाने और अन्य व्यस्तताओं के कारण समस्या गंभीर हो जाती है। ऐसे पत्रकार परिषद का प्रयास है कि पत्रकार साथियों को अधिकतम स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ दिलाया जाए। इसके लिए पत्रकार परिषद की ओऱ से जयपुर समेत राज्य के अन्य जिलों में भी विभिन्न अस्पतालों से बात करके निशुल्क ओपीडी और अन्य सुविधाएं दिलाई जाएं। 

 

पत्रकारों और उनके परिजनों के लगा नि:शुल्क डायबिटीज और रेटिनल जांच शिविर

जयपुर। राजस्थान पत्रकार परिषद द्वारा मीडिया कर्मियों और उनके परिवारों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए सराहनीय पहल की जा रही है। परिषद की ओर से रविवार 21 जून, 2026 को जयपुर के निर्माण नगर स्थित मनुश्री हॉस्पिटल में नि:शुल्क डायबिटीज और रेटिनल जांच शिविर लगाया गया। इस शिविर में अनेक पत्रकारों और उनके परिजनों ने स्वास्थ्य परामर्श सेवाओं और जांच सुविधाओं का लाभ उठाया।

इस शिविर में मनुश्री अस्पताल के हैड डॉ. मनोज अग्रवाल, सीनियर न्यूरो सर्जन डॉ. नवनीत अग्रवाल, सीनियर रिहैबिलिटेशन स्पेशलिस्ट डॉ. हिमांशु वशिष्ठ और महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. पायल शर्मा ने परामर्श सेवाएं दीं।

अस्पताल के सीनियर नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मनोज अग्रवाल ने बताया कि डायबिटीज के मरीजों में अक्सर आंखों की रोशनी कमजोर होने (रेटिनोपैथी) और हाथों-पैरों में झनझनाहट या सूनापन होने (पेरिफेरल न्यूरोपैथी) जैसी गंभीर समस्याएं देखने को मिलती हैं।

इस शिविर में इन दोनों ही समस्याओं पर रोगियों को विशेष परामर्श दिया गया। इस दौरान अत्याधुनिक मशीनों के जरिए मरीजों की रेटिना जांच भी की गई। न्यूरोपैथी पीड़ित मरीजों को डॉक्टर नवनीत अग्रवाल द्वारा उचित परामर्श के साथ इलाज किया गया। 

राजस्थान पत्रकार परिषद के प्रदेशाध्यक्ष रोहित सोनी ने बताया कि पत्रकार परिषद का प्रयास है कि सभी पत्रकार साथी ‘स्वस्थ रहें, सुरक्षित रहें’ इस ध्येय वाक्य को अपनाते हुए अलग- अलग बीमारियों को लेकर विभिन्न अस्पतालों के सहयोग से इस तरह के शिविर नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे। ताकि पत्रकार साथियों और उनके परिजनों को एक ही जगह पर जांच, परामर्श एवं अन्य सेवाएं मिल सकें।

पत्रकारों और उनके परिजनों के लिए मनुश्री हॉस्पिटल में लगा निःशुल्क चिकित्सा शिविर

जयपुर। राजस्थान पत्रकार परिषद की ओर से पत्रकार साथियों और उनके परिजनों के स्वास्थ्य लाभ के लिए रविवार 22 फरवरी, 2026 को निःशुल्क चिकित्सा शिविर लगाया गया। इस शिविर में अनेक पत्रकार साथियों और उनके परिजनों ने स्वास्थ्य की जांच करवाई।

यह शिविर मनुश्री आई एंड जनरल हॉस्पिटल, एबी-383, जनपथ, निर्माण नगर, जयपुर में सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक लगाया गया। इस दौरान डॉ. मनोज अग्रवाल, डॉ. हिमांशु वशिष्ठ, डॉ. नवनीत अग्रवाल समेत कई चिकित्सकों ने अपनी विशेषज्ञ सेवाएं दीं। शिविर में निःशुल्क परामर्श देने के साथ ही दवाइयां भी उपलब्ध करवाई गई। 

राजस्थान पत्रकार परिषद के प्रदेशाध्यक्ष रोहित कुमार सोनी ने बताया कि पत्रकार अक्सर अपनी ड्यूटी में इतने व्यस्त रहते हैं कि अपने स्वास्थ्य का ध्यान नहीं रख पाते। ऐसे शिविरों के माध्यम से उन्हें एक ही छत के नीचे कई विशेषज्ञ डॉक्टरों से परामर्श लेने का अवसर मिलता है। पत्रकार परिषद

आगे भी अपने पत्रकार साथियों के लिए इस तरह के चिकित्सा शिविर और टॉक शो आदि का आयोजन करती रहेगी। 

प्रदेश महासचिव रमेश कुमार यादव ने बताया कि इस मल्टी-स्पेशियलिटी शिविर में दांतों और मसूड़ों से संबंधित समस्याएं, स्नायु तंत्र से जुड़ी बीमारियों, जैसे सिरदर्द, चक्कर आना, हाथ-पैरों में झनझनाहट आदि, शारीरिक चोटों या सर्जरी के बाद रिकवरी, फिजियोथेरेपी, आंखों की जांच, दृष्टि संबंधी समस्याओं और अन्य नेत्र रोगों के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों ने उचित परामर्श दिया। इस दौरान सामान्य स्वास्थ्य जांच, मौसमी बीमारियों, रक्तचाप और मधुमेह जैसी बीमारियों की भी जांच की गई।